प्राइम भारत न्यूज
रिपोर्ट_ मो अहमद
बाराबंकी। जनपद के वरिष्ठ पत्रकार व राष्ट्रीय पत्रकार एकता संघ के वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष एवं समय न्यूज़ से जुड़े अरशद जमाल बुधवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गए। असैनी मोड़ के निकट हुए इस हादसे में उनके बाएं पैर की हड्डी तीन स्थानों से टूट गई, जिसके बाद चिकित्सकों ने उन्हें बेहतर उपचार के लिए लखनऊ स्थित डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान (लोहिया हॉस्पिटल) में आपरेशन की सलाह दी। चिकित्सकों के अनुसार उनके पैर का ऑपरेशन कर मेटल प्लेट्स लगाई जाएंगी। प्राप्त जानकारी के अनुसार अरशद जमाल अपनी कार की ड्राइविंग सीट से उतर रहे थे। इसी दौरान पीछे से तेज रफ्तार में आ रही एक महिला स्कूटी सवार ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि वह सड़क पर गिर पड़े और उनके बाएं पैर के निचले हिस्से में गंभीर चोट आई। घटना के तुरंत बाद आसपास मौजूद लोगों और राहगीरों ने मानवीय संवेदनाओं का परिचय देते हुए उन्हें संभाला और तत्काल उपचार के लिए एंबुलेंस द्वारा रफ़ी अहमद किदवई स्मारक जिला अस्पताल, बाराबंकी पहुंचाया। वहां चिकित्सकों द्वारा एक्स-रे कराने पर पता चला कि उनके बाएं पैर की हड्डी तीन स्थानों से फ्रैक्चर हो गई है। प्राथमिक उपचार के बाद पैर पर अस्थायी प्लास्टर चढ़ाया गया। डॉक्टरों का कहना है कि चोट गंभीर होने के कारण सर्जरी आवश्यक है। ऑपरेशन के दौरान टूटी हुई हड्डी को जोड़ने के लिए मेटल प्लेट्स लगाई जाएंगी, जिससे उनका पैर सामान्य स्थिति में आ सके। हादसे की खबर फैलते ही पत्रकारिता जगत, सामाजिक संगठनों और शुभचिंतकों में चिंता की लहर दौड़ गई। बड़ी संख्या में लोग जिला अस्पताल पहुंचकर उनका हालचाल लेने पहुंचे तथा परिवार को हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। वहीं अनेक लोगों ने फोन और सोशल मीडिया के माध्यम से भी उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की। राष्ट्रीय पत्रकार एकता संघ के जिला अध्यक्ष मोहम्मद अहमद, जिला प्रभारी ऋषभ सैनी, प्रदेश अध्यक्ष सगीर अमनुल्लाह, पत्रकार चौधरी उस्मान, योगेश मौर्या, सलीम शहज़ादे, पूर्व सभासद एडवोकेट आसिफ़, समाजसेवी विनोद कुमार वर्मा 'बिन्नी बारी', सुधीर सोनी, अरशद शेख सहित अनेक पत्रकारों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं गणमान्य लोगों ने अरशद जमाल के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना करते हुए उनके सफल ऑपरेशन और शीघ्र स्वस्थ होकर पुनः पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय लौटने की कामना की।

